Home / उत्तर प्रदेश / कानून के रखवाले इंस्पेक्टर कि सरपरस्ती में तिरंगे का सरेआम अपमान-कुशीनगर

कानून के रखवाले इंस्पेक्टर कि सरपरस्ती में तिरंगे का सरेआम अपमान-कुशीनगर

कानून के रखवाले इंस्पेक्टर कि सरपरस्ती में तिरंगे का सरेआम अपमान

– गणतंत्र दिवस पर उल्टा तिंरगा फहराने वाला कोतवाल पर अब तक कार्यवाई नहीं: बना चर्चा का सबब 

– बीते दिनों फिल्म स्टार शाहरुख खान पर उल्टा तिरंगा फहराने को लेकर दर्ज हुआ था केस

कुशीनगर। 71वां गणतंत्र दिवस के महापर्व पर पडरौना कोतवाली परिसर मे कानून के रक्षकों द्वारा सरेआम देश की आन, बान और शान के प्रतीक कहे जाने वाले राष्ट्रीय ध्वज के अपमान करने वाले गैरजिम्मेदारो पर अब तक कोई कार्रवाई नही की गयी। ऐसे मे सवाल उठना लाजमी हो गया है कि क्या आजाद भारत मे राष्ट्र ध्वज का अपमान करने की कोतवाल पड़रौना पवन कुमार सिंह को खुली आजादी दी गई है? जबकि जाने-अनजाने तिरंगे का अपमान करने वाले बडी-बडी हस्तियों पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की गई है। देश मे जहां नारे और विचार धाराओं को लेकर हो-हल्ला मचा हुआ है वही कानून के रक्षकों द्वारा तिरंगे का अपमान करने के बावजूद कोई कार्रवाई नही होना कुशीनगर के कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर रहा हैं। 

 गौरतलब हो कि 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के अवसर पर कोतवाली प्रांगण मे कोतवाल पवन कुमार सिंह ने सभी पुलिस के जवानो के मौजूदगी मे ध्वजारोहण किया। उसके बाद राष्ट्रध्वज को सलामी देते हुए राष्ट्रगान गाया। इस दौरान उल्टा राष्ट्रध्वज आसमान मे लहराता रहा, तिरंगे का अपमान होता रहा लेकिन इतनी बडी गलती को किसी ने महसूस नही किया, और काफी समय तक देश की आन,बान शान के राष्ट्रीय ध्वज का अपमान होता रहा। इधर कोतवाली पुलिस की गैरजिम्मेदाराना हरकत देख किसी ने लहराते हुए उल्टा तिरंगे का फोटो खिचकर वायरल कर दिया जो थोड़े समय में ही आग की तरह फैल गया था। कई दिनों तक उल्टा तिरंगा फहराने का मामला सोशल मीडिया पर गर्म रहा लेकिन जिले कानून व्यवस्था बनाये रखने वाले जिम्मेदारों द्वारा कोई कार्यवाई करना मुनासिब नहीं समझे जो चर्चा का विषय बना हुआ हैं। जबकी वर्ष 2011 मे किक्रेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर के खिलाफ तिरंगे के अपमान के आरोप मे मामला दर्ज किया गया था क्योंकि सचिन ने तिरंगे वाला केक काटा था यहीं नहीं वर्ष 2012 मे वर्ल्ड कप के दौरान फिल्म स्टार शाहरुख खान ने उल्टा झण्डा लहराया था जिसके बाद शाहरुख पर मुकदमा दर्ज किया गया था। अब सवाल उठता हैं कि क्या कुशीनगर के पड़रौना कोतवाल पवन कुमार सिंह इन हस्तियों से बड़े हैं या फिर इनके खाकी के दम पर राष्ट्र ध्वज का अपमान करने के लिए खुली छूट दी गई ? एक महीने बाद भी उक्त कोतवाल के विरुद्ध कार्यवाई न होना जिले की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता हैं आखिर जिम्मेदारों द्वारा कोतवाल पर कार्यवाई नहीं किया जा रहा है क्या जिम्मेदारों के हाथ किसी ने रोक रखा हैं या फिर कुशीनगर में देश की शान के प्रतीक राष्ट्र ध्वज का कोई अहमियत नहीं हैं ? 

इन नियमों के तहत होती है कार्रवाई

कानून की जानकारों की माने तो राष्ट्रीय ध्वज फहराने के दौरान सभी प्रकार की जिम्मेदारी ध्वजारोहण करने वाले व्यक्ति की होती है। ध्वज उल्टा है या सीधा, मैला है या फटा किस स्थिति में है यह सब भी देखना जरूरी होता है। भारतीय राष्ट्रीय ध्वज अपमान अधिनियम व राष्ट्रीय गौरव अवमानना अधिनियम की धारा 51 व 52 के तहत झंडा फहराने वाले व्यक्ति पर केस दर्ज होता है।

ब्यूरो रिपोर्ट उत्तर प्रदेश

Support us

कोई भी मीडिया हो उन्हें कभी फंड की चिंता नहीं करनी पड़ती क्यूंकि लोकतंत्र को बचाने के नाम पर उन्हें विभिन्न स्रोतों से पैसा मिलता है। लेकिन हमें सच की लड़ाई लड़ने के लिए आपके समर्थन की आवश्यकता है। आपसे जितना हो सके हमें योगदान करें ताकि हम आपके लिए आवाज उठा सकें।

Donate with

Check Also

नाबालिग ने सोशल मीडिया पर योगी आदित्यनाथ की आपत्तिजनक तस्वीर की पोस्ट, मामला दर्ज

बलिया, 14 अक्टूबर । सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की आपत्तिजनक तस्वीर डालने एवं …

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *