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राम मंदिर बनने का निर्णय हो चुका है, रामलला का मंदिर वहीं बनेगा-साध्वी ऋतंभरा-भीलवाड़ा

राम मंदिर बनने का निर्णय हो चुका है, रामलला का मंदिर वहीं बनेगा-साध्वी ऋतंभरा

मूलचन्द पेसवानी 

भीलवाड़ा- 

पसंद की कोई भी चीज नहीं मिलती है तो वह सोना होती है और मिल जाती है तो वह इंसान के लिए मिट्टी हो जाती है । मैं भीलवाड़ा दूसरी बार आई हूं । पहले आई थी तो राम मंदिर आंदोलन चल रहा था और आज राम मंदिर बनने का निर्णय हो चुका है । रामलला का मंदिर वहीं बनेगा । यह बात साध्वी ऋतंभरा ने कही । वे भीलवाड़ा में अग्रवाल उत्सव भवन में आयोजित वात्सल्य वाणी राष्ट्र के नाम कार्यक्रम को संबोधित कर रही थीं। साध्वी ऋतंभरा ने भीलवाड़ा की मातृशक्ति को वंदन करते हुए कहा कि कोई भी चीज व्यक्ति को अच्छी लगती है तो वह उसे पाना चाहता है और वह चीज उसके लिए अमूल्य होती है लेकिन जब वही चीज उसे मिल जाती है तो कुछ समय बाद वह उस व्यक्ति के लिए मिट्टी हो जाती है । ऐसा किसी भी व्यक्ति , वस्तु , पदार्थ व परिस्थितियों के साथ होता है । वह चीज पाने पर इंसान के लिए मिट्टी हो जाती है और नहीं मिलने पर वह उसके लिए सोना रहती है जिसे पाने का प्रयास व्यक्ति करता रहता है ।

कार्यक्रम के पूर्व साध्वी ऋतंभरा का स्वागत करने के लिए राजस्थान समरसता प्रमुख तुलसी नारायण, महानगर संघचालक चांदमल सोमानी , समिति के अध्यक्ष किशनलाल बंसल एवं राधेश्याम बंसल ने भी भारत माता के चित्र पर मालार्पण किया । इस अवसर पर वात्सल्य सेवा समिति की ओर से साध्वी ऋतंभरा का 31 किलो वजनी पुष्प हार से स्वागत किया ।

पूर्व सांसद सुभाष बहेडिया , वात्सल्य सेवा समिति के अध्यक्ष किशन बंसल , मधु जाजू , सभापति मंजू चेचाणी आदि ने साध्वी का स्वागत किया । सांसद बहेडिया व कैलाश अग्रवाल ने एक – एक लाख रुपए का चेक भेंट कर वात्सल्य सेवा समिति की आजीवन सदस्यता ली । खचाखच भरा पांडाल साध्वी ऋतंभरा को सुनने के लिए शहर ही नहीं बल्कि जिलेभर से महिला – पुरुष भाग लेने आए । महिलाओं की संख्या को देखते हुए साध्वी ने मातृशक्ति को वंदन किया । साध्वी को सुनने के लिए समय से पहले लोग अग्रवाल उत्सव भवन पहुंचे। साध्वी ऋतंभरा को सुनने के लिए अग्रवाल उत्सव भवन में पांडाल खचाखच भरा था ।

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